AI खर्च पर उठे सवाल, मेटा और माइक्रोसॉफ्ट ने दी अपनी प्रतिक्रिया
माइक्रोसॉफ्ट और मेटा के सीईओ ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को विकसित करने पर किए गए बेतहाशा खर्च का बचाव करते हुए कहा है कि नए क्षेत्र में प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए यह महत्वपूर्ण था। दरअसल, कम लागत में तैयार किए गए चीनी एआई चैटबाट डीपसीक के सफल होने के बाद इन दोनों कंपनियों के बिजनेस मॉडल पर सवाल उठने लगे हैं।
मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कही ये बात
माना जा रहा है कि यह कम लागत पर अमेरिकी प्रतिद्वंद्वियों से बेहतर परिणाम देता है। मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कहा, पूंजीगत व्यय और बुनियादी ढांचे में बहुत अधिक निवेश करने का समय के साथ एक रणनीतिक लाभ होगा।
माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्य नडेला ने कहा कि एआई के विकास में किया गया खर्च व्यवधानों को कम करेगा। विश्लेषकों से बात करते हुए नडेला ने कहा, जैसे-जैसे एआई अधिक कुशल और सुलभ होता जाएगा, हम इसकी मांग में बढ़ोतरी देखेंगे।
माइक्रोसॉफ्ट ने चालू वित्त वर्ष में एआई के लिए 80 अरब डालर खर्च करना तय किया है जबकि मेटा ने 65 अरब डालर खर्च करने की बात कही है। यह डीपसीक द्वारा अपने एआई मॉडल को विकसित करने के लिए खर्च किए गए लगभग 60 लाख डालर से बहुत ज्यादा है।
माइक्रोसॉफ्ट के शेयर मे गिरावट
वॉल स्ट्रीट के विश्लेषकों का कहना है कि एआई के विकास पर खर्च की राशि सही मायने में कंप्यूटिंग पावर पर खर्च किया गया पैसा है। हालांकि, इसके बावजूद कुछ निवेशक भारी खर्च के चलते धैर्य खोते दिख रहे हैं। यही वजह रही कि माइक्रोसॉफ्ट का शेयर गुरुवार को शुरुआती कारोबार में छह प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
चीन के DeepSeek के बाद सऊदी अरब ने पेश किया अपना AI चैटबॉट
चीन के डीपसीक के बाद सऊदी अरब ने एक एआई चैटबाट बनाया है। खास बात यह है कि यह चैटबाट केवल वैश्विक श्रम बाजार से जुड़े सवालों का जवाब देता है। किंग अब्दुलअजीज इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस सेंटर में आयोजित ग्लोबल लेबर मार्केट कांफ्रेंस में 'रेयान' नाम का यह चैटबाट चर्चा का विषय बना हुआ है।
रियाद स्थित कंपनी ताकामोल द्वारा निर्मित एआR चैटबाट के दो संस्करण है। ऑनसाइट संस्करण में यह केवल अंग्रेजी में प्रश्नों का उत्तर देता है।
ट्रंप के बारे में क्या कहा?
ऑनलाइन संस्करण में यह फ्रेंच, अरबी और स्पेनिश सहित कई भाषाओं में टेक्स्ट चैट में उत्तर देता है। चैटबाट से बात करने के दौरान जब एक व्यक्ति ने अमेरिकी राष्ट्रपित डोनाल्ड ट्रंप के बारे में पूछा तो उसने डिस्क्लेमर से कहा, 'मैं स्पष्ट तौर पर कह दूं कि मेरी विशेषज्ञता वैश्विक श्रम बाजार विषयों में है। मैं उनके कार्यकाल के दौरान अमेरिकी बाजारों के रुझानों और नीतियों के बारे में सामान्य जानकारी दे सकता हूं।'
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