महाकुंभ का हुआ समापन फिर भी संगम में स्नान करने पहुंच रहे लोग
प्रयागराज। महाकुंभ मेले खत्म हो चुका है, लेकिन श्रद्धालुओं का संगम क्षेत्र में आना अभी भी जारी है। प्रशासन ने कई अस्थायी व्यवस्थाओं को स्थायी रूप से बनाए रखने का फैसला किया है, ताकि श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुविधाएं मिल सकें। जानकारी के मुताबिक प्रयागराज के कर्नलगंज निवासी ने बताया कि वह कुंभ में भारी भीड़ के चलते शामिल नहीं हो सके थे। इसलिए वह अब यहां आए हैं। संगम क्षेत्र में एलईडी लाइटों की सजावट है, तो ऐसा लगता है मानो मेला अभी भी चल रहा हो। दिल्ली से आईं महिला ने कहा कि भारी भीड़ की वजह से वह नहीं आ पाई थी, लेकिन अब संगम में स्नान कर खुद को धन्य महसूस कर रही हैं। एक अफसोस है कि साधु-संतों के दर्शन नहीं कर सकी। उन्होंने सरकार की सौंदर्यीकरण योजनाओं की तारीफ की और कहा कि पूरा प्रयागराज बेहद खूबसूरत लग रहा है।
मेला अधिकारी ने बताया कि कुंभ मेले के दौरान जो सुविधाएं विकसित की गई थीं, उनमें से कई को स्थायी रूप से बनाए रखा जाएगा। इनमें एलईडी लाइटिंग, चेंजिंग रूम और स्वच्छ घाट प्रमुख हैं। एक पखवाड़े में सभी टेंट हटा दिए जाएंगे, जबकि पॉन्टून पुलों का आंशिक रूप से इस्तेमाल अगले माघ मेले में किया जाएगा। मेले के दौरान कुल 30 पॉन्टून पुल बनाए गए थे। प्रयागराज में एक अस्थायी 76वां जिला महाकुंभ नगर बनाया गया था, जिसे 1 दिसंबर 2024 से 31 मार्च 2025 तक अस्तित्व में रखा जाएगा। इस जिले की जिम्मेदारी एक जिला मजिस्ट्रेट, तीन अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट, 28 उपजिलाधिकारी, एक तहसीलदार और 24 नायब तहसीलदारों को सौंपी थी।
सुरक्षा के लिहाज से यहां 56 पुलिस थाने, 155 पुलिस चौकियां, एक साइबर सेल, एक महिला थाना और तीन जल पुलिस थाने बनाए गए थे।
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