यूक्रेन में बढ़े तनाव के बीच जेलेंस्की ने किया नया जनरल स्टाफ प्रमुख नियुक्त
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने देश की सैन्य रणनीति को मज़बूत करने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है. उन्होंने अंद्रीय हनातोव को यूक्रेन की सेना के जनरल स्टाफ का नया प्रमुख नियुक्त किया है. यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब यूक्रेन रूस के कुर्स्क क्षेत्र में लड़ाई लड़ रहा है और पूर्वी डोनेटस्क क्षेत्र में लगातार दबाव का सामना कर रहा है.
हनातोव ने अनातोली बारहिलेविच की जगह ली है, जो फरवरी 2024 से इस पद पर थे. यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने रविवार को अपने टेलीग्राम चैनल पर इस बदलाव की घोषणा की.
फैसले के पीछे की वजह क्या है?
यूक्रेन के रक्षा मंत्री रुस्तम उमेरोव ने कहा है कि हम अपनी सेना को लगातार आधुनिक और प्रभावी बना रहे हैं. इस बदलाव का मकसद यूक्रेनी सेना की युद्धक क्षमता को और बढ़ाना है.बारहिलेविच को अब रक्षा मंत्रालय में जनरल इंस्पेक्टर की नई जिम्मेदारी दी गई है. रक्षा मंत्री उमेरोव ने कहा कि बारहिलेविच टीम का हिस्सा बने रहेंगे और सेना में अनुशासन और सैन्य मानकों को मज़बूत करने में अहम भूमिका निभाएंगे. इस फेरबदल के बावजूद, ओलेक्ज़ांडर सिरस्की यूक्रेन की सेना के कमांडर-इन-चीफ के पद पर बने रहेंगे.
युद्ध में मिल रही है यूक्रेन को चुनौती
यूक्रेन ने पिछले साल अगस्त में रूस को चौंकाते हुए सीमा पार हमला किया था और कुर्स्क क्षेत्र में लगभग 1300 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र पर कब्ज़ा कर लिया था. मगर अब युद्ध की स्थिति बदल रही है. और यूक्रेन की सेना पीछे हटने को मजबूर हो रही है. रूस ने शुक्रवार को दावा किया कि उसने कुर्स्क क्षेत्र के सबसे बड़े शहर सूज़ा पर नियंत्रण कर लिया है, जो पहले यूक्रेन के कब्जे में था. इसके अलावा, डोनेट्स्क क्षेत्र में भी यूक्रेनी सेना पर भारी दबाव है. रूसी सेना वहां लगातार आगे बढ़ रही है, जिससे यूक्रेन की स्थिति और चुनौतीपूर्ण होती जा रही है.
तो क्या बदल जाएगी युद्ध की रणनीति
यूक्रेन में सैन्य नेतृत्व में यह बड़ा बदलाव ऐसे समय में हुआ है जब युद्धविराम की संभावनाओं को लेकर चर्चाएं तेज़ हो रही हैं. यूक्रेन को अपने क्षेत्रीय नियंत्रण को बरकरार रखने और रूस के खिलाफ अपनी स्थिति को मज़बूत करने के लिए नई रणनीतियों की जरूरत है. ज़ेलेंस्की ने 2022 में रूस के हमले के बाद से सरकार और सेना में कई बड़े बदलाव किए हैं.
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