अगर आपके भी सपने में दिख रहा इस रंग का सांप, तो जल्द बदलने वाला है भाग्य, पैसों की होगी बरसात
मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में मानसून की बारिश के साथ सांपों की एंट्री भी हो गई है. यहां भारत के चार सबसे जहरीली प्रजातियों के साथ बिना जहर वाले सांप भी देखे जा रहे हैं. जबकि, बीते कुछ वर्षों में एक दुर्लभ सांप की मौजूदगी भी देखी गई है. सफेद रंग का यह सांप नर्मदा नदी और सतपुड़ा पर्वत के आस-पास के इलाको में अक्सर देखा जाता है. वहीं, धर्म शास्त्रों में सफेद रंग के सांप का दिखना बेहद शुभ माना जाता है.
खरगोन के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य, गोल्ड मेडलिस्ट डॉ. बसंत सोनी बताते हैं कि, खरगोन जिला खेती किसानी, धरोहरों के अलावा सांपों की पूजा के लिए भी विषयों पहचान रखता है. यहां लोग सांप को पूजते हैं. यहां कई तरह के सांप पाए जाते हैं. धर्म शास्त्रों में सांपों की 144 प्रजातियां बताई गई है. सभी का अपना अपना महत्व है. लेकिन, इनमें सफेद रंग के सांप का अत्यधिक महत्व है.
मिलता है गढ़ा या रुका धन
धर्म ग्रंथों में भी सफेद सांप का जिक्र है. ज्योतिषी का मानना है कि ऐसे सांप दिखना किसी अच्छे समय का संकेत होता है. वो कहते हैं कि कई बार लोगों को सफेद सांप दिखने के बाद जमीन में गढ़ा धन, पुराना पैसा पाया गया या फिर रुका हुआ काम बन जाता है. इसलिए ग्रामीण इसे भगवान का संकेत मानते हैं.
सफेद सांप लक्ष्मी का स्वरूप!
अगर सांप सपने में साथ चलते हुए दिखाई दे, या सांप काट ले तो यह बेहद शुभ होता है. माना जाता है कि सपने सांप दिखाई दे तो कुछ ही समय में आपको अचानक लक्ष्मी (धन) की प्राप्ति होती है. अगर सफेद सांप के साक्षात दर्शन हो जाए तो माना जाता है कि तुरंत धन लाभ होने के संभावना है. जिले के ऊन गांव में ऐसा कई बार देखा और सुना गया है.
नौकरी, प्रमोसन, प्रॉपर्टी में भी लाभ
ज्योतिषी डॉ. बताते है कि, जिले में कई लोगों से सुना भी है कि, सांप के दिखने पर उन्हें कई तरह के लाभ मिलें है. जैसे – को प्रॉपर्टी बिक नहीं रही थी, वह सांप के दिखने के बाद तुरंत बिक गई. नौकरी नहीं लग रही थी, सांप दिखने के बाद नौकरी लग गई. किसी का प्रमोशन रुका हुआ था, लेकिन सांप के दिखने के बाद प्रमोशन हो गया.
जिला प्रशासन की अनूठी पहल, नहरों के पानी से लबालब हुए 450 तालाब
ईंट निर्माण कार्य से आत्मनिर्भर बन रही हैं समूह की महिलाएं
महासंघ की कार्यप्रणाली को बनाये गतिशील एवं परिणामोन्मुख : राज्यमंत्री पंवार
प्रदेश में जंगली भैंसा प्रजाति का पुनर्स्थापन एक ऐतिहासिक अवसर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सही दवा-शुद्ध आहार' अभियान में जगदलपुर के चाट-गुपचुप सेंटरों और कॉस्मेटिक्स दुकानों का हुआ निरीक्षण
वन मंत्री केदार कश्यप ने भरा ऑनलाइन स्व-गणना पत्रक, नागरिकों से सहभागिता की अपील
एमपी टूरिज्म को मिला “लीडिंग टूरिज्म डेस्टीनेशन” का प्रतिष्ठित सम्मान
मध्यप्रदेश अपनी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को दे रहा है नई ऊर्जा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सुकमा में तेंदूपत्ता संग्रहण तेज़ी से जारी, 35 हजार से अधिक बोरे का हुआ संग्रहण