पवित्र धाम पानी में घिरा: मध्य प्रदेश के जटाशंकर में शिवलिंग पूरी तरह जलमग्न
छतरपुर: बुंदेलखंड का केदारनाथ कहा जाने वाला जटाशंकर धाम, सोमवार को हुई जोरदार बारिश से जलमग्न हो गया. झरने से पानी मंदिर में बहने लगा, जिससे यहां का नजारा मनभावन हो गया है. सुबह करीब 8 बजे के बाद बारिश शुरू हुई, जो दिन भर होती रही. इसकी वजह से नदी-नाले लबालब हो गए हैं. झरने उफान पर आ गए सीढ़ियों से पानी बहने लगा है. गोमुख भी उफान पर है. यह नजारा देख कई लोग प्रफुल्लित हो उठे और पानी में अठखेलियां करते नजर आए.
मंदिर में घुसा बारिश का पानी
छतरपुर से 50 किलोमीटर की दूरी पर बाबा भोलेनाथ का प्रसिद्ध मंदिर है, जिसे जटाशंकर धाम के नाम से जाना जाता है. इस मंदिर को बुंदेलखंड का केदारनाथ भी कहते हैं, जो जंगल के बीचों बीच बना हुआ है. सोमवार को जिले में हुई जोरदार बारिश के चलते जटाशंकर मंदिर के आसपास की पहाड़ियों पर झरने बहने लगे. ये पानी सीधे मंदिर में सीढ़ियों से गिर रहा था. सिद्ध बाबा की गुफा, गोमुख, मंदिर चौक पानी पानी हो गए.
बारिश से लबालब हुआ मंदिर
जटाशंकर मंदिर परिसर के आसपास पानी इतनी तेजी से बह रहा था कि लोगों का ठहरना भी मुश्किल हो रहा था. झरने उफान पर आ गए, गोमुख की धार तेज हो गई. यह प्राचीन मंदिर पहाड़ों से घिरा हुआ प्रतीत होता है. यहां गोमुख से जल धारा गिरती रहती है ओर भोले नाथ का भी जलाभिषेक करती रहती है. यह मंदिर धार्मिक आस्था का बड़ा केन्द्र है. यूं तो यहां हमेशा ही श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहता है, लेकिन अमावस्या और सोमवार के दिन भक्तों का तांता लग जाता है.
बारिश ने भोलेनाथ का किया जालाभिषेक
बता दें कि मंदिर के 3 कुंड भी बने हुए हैं, जो कभी खाली नहीं होते हैं. इन कुंडों को लेकर मान्यता भी है कि इन कुंडों के पानी से नहाने से चर्म रोग की बीमारी खत्म होती है. प्राकृतिक दृष्टि से यह स्थान अद्भुत दिखाई देता है. वहीं सोमवार को हुई जोरदार बारिश ने भोले नाथ का जमकर जलाभिषेक किया. मन्दिर परिसर के अंदर, सहित अन्य जगहों पर सिर्फ पानी ही पानी दिखाई दे रहा था. मंदिर आए भक्तों ने झरने का खूब लुफ्त उठया.
मंदिर क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित
जटाशंकर धाम ट्रस्ट के अध्यक्ष अरविन्द्र अग्रवाल ने बताया, "आज बहुत जोरदार बारिश हुई है, जिसके चलते बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित हो गई है. मंदिर आने वाले लोगों से कुंड के पास न जाने की अपील की गई. पानी का बहाव बहुत तेज रहता है तो जब पानी निकल जाए तभी दर्शन करने निकलें. सोमवार को सुबह 8 बजे से बारिश हो रही है, जिससे मंदिर परिसर सहित सभी जगह सिर्फ पानी ही पानी है."
जयराम ठाकुर का तीखा हमला—हिमाचल से कांग्रेस का ‘बीज’ खत्म कर देंगे
भोपाल में एनएसजी का ‘पराक्रम’, कमांडोज के जांबाज करतब देख सीएम मोहन यादव हुए रोमांचित
राहुल गांधी का हमला: PM मोदी के पास LPG संकट से निपटने की कोई नीति नहीं, कोविड जैसी अव्यवस्था
शर्मनाक हालात! बेटी के अंतिम संस्कार के लिए नहीं मिली लकड़ी, डीजल-टायर से किया दाह संस्कार
टीवीके प्रमुख विजय ने चेन्नई चुनावी दौरा रद्द किया, समय और पुलिस पाबंदियों को बताया कारण
एनडीए सरकार बनते ही सोना तस्करी आरोपियों पर सख्ती, दो महीने में जेल: अमित शाह
दीन बंधु छोटूराम विश्वविद्यालय का 8वां दीक्षांत समारोह, उप-राष्ट्रपति ने किया उद्घाटन
बंगाल चुनाव से पहले BJP और TMC में टकराव, हेट स्पीच को लेकर दोनों पार्टियां चुनाव आयोग पहुंचीं
राज्यसभा में 19 नए सदस्यों ने ली शपथ, व्हीलचेयर पर पहुंचे शरद पवार
IIT बाबा Abhay Singh पत्नी संग झज्जर पहुंचे, हिमाचल से आए दोनों