पोछा लगाने के भी होते हैं नियम? इन 2 दिन छूने की भी न करें भूल, अक्सर महिलाएं कर बैठती हैं गलती
वास्तु शास्त्र का हिन्दू धर्म में विशेष महत्व है. इसलिए लोग घर बनवाने से लेकर चीजों को रखने तक में वास्तु का ध्यान रखते हैं. सभी के अपने-अपने वास्तु नियम होते हैं. इसी तरह घर में पोछा लगाने के भी नियम होते हैं. जी हां, पोछा लगाने के दौरान हुई गलतियां दुख का कारण बन सकती है. वास्तु के अनुसार, सूर्योदय के बाद और दोपहर से पहले पोछा लगाने शुभ होता है. इसके अलावा पोछा हमेशा घर के प्रवेश द्वार से शुरू करके घर के भीतर की ओर लगाना चाहिए. ऐसे में सवाल है कि आखिर, पोछा लगाने के वास्तु नियम क्या हैं? पोछा किस दिन नहीं लगाना चाहिए पोछा?
1. गुरुवार: ज्योतिषाचार्य ऋषिकांत मिश्र बताते हैं कि, वास्तु शास्त्र के मुताबिक, गुरुवार को पोछा लगाने से बचना चाहिए. ऐसा करने से बृहस्पति देव नाराज होता है. साथ ही घर में दोष का कारण भी बन सकता है. वहीं, नियमों को मानने वाले लोग को शुभ फलों की प्राप्ति हो सकती है.
2. एकादशी: घर में एकादशी के दिन भी पोछा लगाने से बचना चाहिए. ऐसा करने से जातक के परिवार को बुरा प्रभाव पड़ते का खतरा बढ़ता है. साथ ही, किसी भी कार्य को करने से पहले ही अड़चन आ सकती है.
पोछा लगाने का सही समय: वास्तु के अनुसार, घर में पोछा लगाने का सबसे अच्छा समय ब्रह्म मुहूर्त होता है. यह समय सूर्योदय से लगभग 1.5 घंटे पहले का माना जाता है. ऐसा कहा गया है कि इस समय में पोछा लगाने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह होता है, जिससे आपके घर में सुख-शांति बनी रहती है. वहीं सूर्योदय या उसके तुरंत बाद भी पोछा लगाना भी अच्छा माना गया है, इससे घर में उन्नति आती है.
किस समय न लगाएं पोछा: कभी भी घर में दोपहर के समय पोछा नहीं लगाना चाहिए क्योंकि इस समय सूरज अपने चरम पर होता है और इस समय पोछा लगाने से घर में आने वाली सौर ऊर्जा का पूरी तरह से लाभ नहीं मिलता. वहीं सूर्यास्त के बाद भी पोछा नहीं लगाना चाहिए. इससे आपके घर में नकारात्मकता आती है.
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