Mauni Amavasya 2026: संगम तट पर आस्था का सैलाब, करोड़ों श्रद्धालुओं ने किया पवित्र स्नान
Mauni Amavasya 2026 : पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश के प्रयागराज स्थित संगम तट पर आस्था और श्रद्धा का अद्भुत नजारा देखने को मिल रहा है। रविवार को मौनी अमावस्या के स्नान पर्व के चलते माघ मेले में करोड़ों की संख्या में श्रद्धालु प्रयागराज पहुंचे हैं। संगम में पवित्र स्नान के लिए सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूब गया।
भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्थाओं को अभूतपूर्व रूप से मजबूत किया है। संगम तट और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है। इसके साथ ही लगातार अनाउंसमेंट के जरिए श्रद्धालुओं को जरूरी दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं, ताकि किसी को किसी तरह की असुविधा न हो और भीड़ को नियंत्रित रखा जा सके।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जगह-जगह सहायता केंद्र बनाए गए हैं, जहां स्वास्थ्य, जानकारी और मार्गदर्शन से जुड़ी मदद उपलब्ध कराई जा रही है। सिविल डिफेंस के वॉलंटियर भी सक्रिय रूप से तैनात हैं, जो श्रद्धालुओं को स्नान के बाद सीधे घर लौटने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। प्रशासन का उद्देश्य है कि स्नान के बाद अनावश्यक रुकावट न हो, जिससे भीड़ और ज्यादा न बढ़े।
Mauni Amavasya 2026 पर संगम में स्नान करने पहुंची एक श्रद्धालु ने बताया कि पवित्र स्नान के बाद उन्हें अद्भुत शांति और संतोष की अनुभूति हुई। उन्होंने कहा कि कड़ाके की ठंड के बावजूद श्रद्धालुओं का इस तरह आस्था के साथ स्नान करना ईश्वर की विशेष कृपा को दर्शाता है।
अनुष्का से रितिका तक: आईपीएल 2026 में छाया इन स्टार वाइव्स का जबरदस्त फैशन सेंस।
बंगाल चुनाव 2026: योगी की एंट्री से बढ़ा पारा, ममता सरकार पर बोला तीखा हमला
बजट सत्र का समापन: लोकसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, 93% रही उत्पादकता
होर्मुज जलडमरूमध्य पर तनाव: ईरान ने दी अमेरिका को नौसैनिक नाकेबंदी पर चेतावनी
सदन में संग्राम: राहुल गांधी ने पीएम मोदी को कहा 'जादूगर', बीजेपी का जोरदार हंगामा
वाराणसी से ललकार: स्मृति ईरानी ने अखिलेश को अपनी सुरक्षित सीट छोड़ने की चुनौती दी
होर्मुज स्ट्रेट खुला: वैश्विक तेल संकट टला, भारत को मिली बड़ी संजीवनी
महिला आरक्षण पर रार: प्रियंका गांधी ने सरकार को दी 'पुराना बिल' लाने की चुनौती
पश्चिमी विक्षोभ का तांडव: 17 जिलों में बरसे बादल, पारे में गिरावट पर किसानों को भारी चपत।