आंकड़ा: गर्मी की फसलों का कुल रकबा घटा, पर दलहन व तिलहन का बुवाई रकबा बढ़ा; 0.31 लाख हेक्टेयर में बोया बाजरा
समय से पहले खत्म हुई सर्दी गर्मी की फसलों की बुवाई पर विपरीत प्रभाव डाल रही। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने बुवाई के आंकड़े जारी किए हैं। इनमें 27 फरवरी तक पिछले साल के मुकाबले 0.89 लाख हेक्टेयर में कम बुवाई हुई है। देश में कुल 26.53 लाख हेक्टेयर पर गर्मी की फसलों की बुवाई हुई है। इसमें चौंकाने वाले तथ्य है कि फसलों की बुवाई 2025 में इसी समय अवधि में 27.42 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल पर थी।इसमें दलहन की बुवाई में बढ़ोतरी हुई है, लेकिन धान की बुवाई घटी है। आंकड़ों को देखें तो अब तक 21.80 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल पर धान की बुवाई हो चुकी है, जबकि गर्मी सीजन 2025 में यह इसी समय अवधि में 23.45 लाख हेक्टेयर में हुई थी।
दालों के कुल क्षेत्रफल में बढ़ोतरी
दालों के कुल क्षेत्रफल में बढ़ोतरी हुई है। इसमें 27 फरवरी 2026 तक 1.15 लाख हेक्टेयर में दालों की बुवाई हो चुकी है, जबकि पिछले सीजन में इसी समय अवधि में यह 1.03 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल था। इस तरह से दलहनों के रकबे में कुल मिलाकर 0.12 लाख हेक्टेयर में बढ़ोतरी हुई है। हरे चने की बुवाई में भी इस बार तेजी दिखी है।अब तक 0.73 लाख हेक्टेयर में चना बोया जा चुका है। पिछले सीजन में यह 0.70 लाख हेक्टेयर ही था। काला चना की बुवाई में भी तेजी है। अब तक 0.31 लाख हेक्टेयर में बाजरा बोया जा चुका है, जबकि पिछले समय इसी समय अवधि में यह 0.21 लाख हेक्टेयर था। इसमें 0.10 लाख हेक्टेयर की बढ़ोतरी हुई है। रागी की बुवाई भी काफी तेज है। इसमें अब तक 0.17 लाख हेक्टेयर में रागी की बुवाई हो चुकी है।
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